आपदा से बचने के लिए एन०डी०आर०एफ० की टीम ने बच्चों को दी सीख

9 वीं वाहिनी राष्ट्रीय आपदा मोचन बल, बिहटा की टीम ने बुधवार को पश्चिम चम्पारण जिलान्तर्गत संत माईकल स्कूल, बेतिया तथा जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान, कुमारबाग (बेतिया) में छात्रों तथा शिक्षकों को आपदा प्रबंधन के पहलुओं पर प्रशिक्षण दिया। एन०डी०आर०एफ० टीम ने प्रशिक्षण के दौरान स्कूल के शिक्षकों व छात्रों को बाढ़ व भूकम्प सुरक्षा, वज्रपात सुरक्षा तथा सर्पदंश प्रबंधन के बारे में जानकारियाँ दी। इसके बाद बच्चों को अस्पताल-पूर्व चिकित्सा के बारे में डेमोंस्ट्रेशन के माध्यम से बताया गया एवं इसका अभ्यास भी करवाया गया। बच्चों को घरों में उपलब्ध सामानों की मदद से बाढ़ के दौरान बचाव के लिए राफ्ट बनाने के तरीके तथा इसे इस्तेमाल करने की विधि के बारे में भी जानकारी दी गई। वर्तमान में निरीक्षक संजय कुमार और निरीक्षक सुरेश बिलुंग के नेतृत्व में 9 वीं वाहिनी एन०डी०आर०एफ० की दो टीमें बाढ़ के मद्देनजर पश्चिम चम्पारण (बेतिया) जिला में तैनात है।

श्री विजय सिन्हा, कमान्डेंट ने कहा कि आपदा जोखिम न्यूनीकरण हेतु 9 वीं वाहिनी एन०डी०आर०एफ० द्वारा बिहार और झारखण्ड राज्यों के सरकारी व प्राइवेट स्कूलों के शिक्षकों तथा छात्रों को लगातार इस तरह का प्रशिक्षण दिया जा रहा है जिसका उद्देश्य है कि विद्यालय के अध्यापकों तथा बच्चों को आपदा प्रबंधन में इस प्रकार जागरूक एवं सक्षम बनाया जाए कि वे विद्यालय परिसर में उत्पन्न किसी भी तरह की आपात स्थिति का कारगर ढंग से मुकाबला कर सकें और ऐसी स्थिति से निपटने के लिए सदा तैयार रहें। उन्होंने आगे कहा कि वर्तमान परिवेश में यह जरूरी है कि प्रत्येक विद्यालय में आपदा प्रबंधन योजना तैयार किया जाए तथा समय-समय पर इसका अभ्यास भी किया जाए ताकि विद्यालयों के प्रत्येक छात्र एवं अध्यापक इससे भाली भांति अवगत रहें । आपदा के दौरान स्कूलों में जान-माल का नुकसान न हो, इसके लिए इस प्रकार का प्रशिक्षण बच्चों को देना बहुत ही आवश्यक है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here